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आपातकाल में देर रात एक ही रक्त समूह के युवाओं ने आकर किया रक्तदान और बचा ली जिन्दगी

19.07.2016
देर रात भिंयाड़ गांव के एक युवक अपनी पत्नी के साथ बाइक पर घर लौट रहा था। मगर बिच रस्ते में लोहे की बिना मार्क वाली तार होने से तथा रात के समय होने के कारण दिखाई ना देने से जबर्दस्त हादसा हो गया और युवक का गला कट गया। पत्नी को भी चोंटे आयी। राजकीय चिकित्सालय लाने पर और युवक की गंभीर हालत को देखते हुए तुरंत प्रभाव से प्रमुख चिकित्सा अधीकारी की सहमति से आपरेशन थिएटर खुलवाया गया और डॉ कपिल जैन ने अपनी सेवाएं दी। युवक के शरीर से खून ज्यादा बह जाने की वजह से खून की आवश्यकता पडी मगर ब्लड बैंक में ए पोसिटिव ब्लड नहीं होने की वजह से स्तिथी बहुत ज्यादा गंभीर हो गई।
चिकित्सालय स्टाफ और बाड़मेर रक्तदाता समूह हमेशा की तरह आया काम
परिजनों के द्वारा और हॉस्पिटल कर्मचारियों ने तुरंत ब्लड की जरुरत के लिए प्रयास किये और मूलाराम सहारण ने बाड़मेर रक्तदाता समूह से संपर्क किया और देखते ही देखते युवक की जान बचाने कई युवा आ पहुंचे। राजकीय चिकित्सालय के स्टाफ आशा पंवार , ऑपरेटर लक्ष्मी नारायण खत्री और जोगेंद्र बेनीवाल ने रक्तदान किया। समूह के ही एक शख्स पवन खत्री जिसके कल परीक्षा है , की तैयारी छोड़ ब्लड देने के लिए आ पहुंचे।।
समूह संचालक ने स्तिथी को भांप जो प्रयास किये जिले भर को प्रेरणा देते रहेंगे। यह समूह हमेशा की आम लोगों की इसी तरह निःस्वार्थ भाव से सेवा करता आया है।।


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